यी स्वार्थि डुनियम चाेखाे प्यार नैरहठ ।।
मैया हे नापेबन्ना काैनाे अधार नैरहठ ।।
खै मनै काहे डील टुरके चलजिठै यहाँ।।
जानाठुइहीँ टुटल डिलक उपचार नैरहठ ।।
हिरालाल सत्गाैँवा
घाेरीघाेरा ५ सररहिया कैलाली